Polkadot Review in 2021 in hindi
Polkadot Cryptocurrency review

Mother of All Blockchains  के नाम से मशहूर Polkadot  Cryptocurrency  में वो क्या ख़ास है जिसके वजह से भविष्य में क्रिप्टो जगत की एक नयी रूप- रेखा तैयार करने की छमता रखने की बात की जाती है- एक विश्लेषण

क्रिप्टोकरेन्सी जगत में ये बात तो जगजाहिर है की Bitcoin निर्विवादित रूप से क्रिप्टोकरेन्सियों का सरताज है। आज क्रिप्टो मार्किट के कुल मार्किट पूंजी का 55% हिस्सा बिटकॉइन का ही है।

लेकिन जहाँ बात मजबूत टेक्नोलॉजी और तेज़-तर्रार ट्रांसक्शन स्पीड की हो तो इसके Father Of All Coins  का तमगा होने के बावजूद भी ये कुछ Coins के मुक़ाबले फिसड्डी साबित होता है।

बिटकॉइन से ही प्रेरित होकर लेकिन इससे ज्यादा तेज़ और सुरक्षित ट्रांसक्शन के लिए जो क्रिप्टोकोर्रेंसी वर्ष 2015 में आयी थी वो है एथेरेयमजिसे दूसरी पीढ़ी के क्रिप्टोकरेन्सी का नाम दिया गया और इसकी खासियतों तथा इसके निवेशकों से मिले प्रोत्साहन का ही ये नतीजा है की ये क्रिप्टो कॉइन आज अपने बाजार पूंजी के आधार पर दुनिया की दूसरे सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेन्सी है।

Ethereum  की कामयाबी के साथ ही ये तय हो गया की बेहतरीन टेक्नोलॉजी तथा कम ट्रांसक्शन फीस के बदौलत भी इन डिजिटल सिक्को को अप्रत्याशित कामयाबी मिल सकती है। और तबसे क्रिप्टो निर्माताओं के बीच एक-से-बढ़कर-एक अग्रणी, तेज़ तथा कम लागत वाले क्रिप्टो कॉइन्स बनाने की होड़ सी मच गयी।

साल 2017 को क्रिप्टो इतिहास में नए क्रिप्टोकोइंस के ICO (Initial Coin Offering) की बाढ़ के वजह से जाना जायेगा।

और उसी साल दुनिया को एक बेहद ही उन्नत और सबसे ज्यादा तेज़ी से ट्रांसक्शन स्पीड देने वाली तीसरी पीढ़ी की क्रिप्टो करेंसी की लॉन्चिंग भी हुई। जिसको शुरुआत में ही “Ethereum Killer”  तथा “Mother of  All Blockchains”  की संज्ञा दी गयी।

इस नए- नवेले क्रिप्टो कॉइन का नाम इसके निर्माताओं के द्वारा Polkadot (DOT) दिया गया था। जिसने अपने ICO Event में ही क्रिप्टो जगत में तूफ़ान ला दिया। 2017 के अक्टूबर 15-27 तक चले इस ICO Event में इसके निर्माताओं ने रिकॉर्ड $145 मिलियन जुटाए थे।

इसकी प्रसिद्धि का अंदाज़ा आप इसी बात से लगा सकते है की अपने लॉन्चिंग से महज 4 साल के बाद ही ये क्रिप्टोकरेन्सी आज मार्किट पूंजीकरण के आधार पर आज दुनिया की 10 सबसे बड़ी क्रिप्टोकोर्रेंसी  में से एक बन चुकी है।

आखिर वो कौनसी मुख्य कारक है जिसके वजह से इस डिजिटल सिक्के को इतनी अप्रत्याशित ख्याति मिली है?

या फिर क्रिप्टो अनलिसिस्ट के अनुसार क्यों इस क्रिप्टो कॉइन को “Next Big Thing” का दर्जा दिया जा रहा है?

आज के इस आर्टिकल में ऐसे ही तथ्यों से सम्बंधित एक विश्लेषण करेंगे। साथ ही साथ जानेंगे की इसमें किया गया निवेश कितना फलदायी साबित हो सकता है।

आईये शुरू करते है बिना किसी देरी के,

Polkadot Cryptocurrency क्या है?

पोल्काडॉट एक अगली पीढ़ी का एक ब्लॉकचेन प्रोटोकॉल है जिसको आसान भाषा में बहुत सारे ब्लॉकचेन को जोड़कर बनाया हुआ ब्लॉकचेन (Blockchain of Blockchains) या मल्टीचेन है। ये कई ब्लॉकचेन नेटवर्क को एक एकीकृत नेटवर्क से एक बेहद ही जटिल प्रक्रिया के द्वारा जोड़ता है। पोल्काडॉट से जुड़े हुए ये ब्लॉकचेन्स सामानांतर रूप से काम करते है जिसे इसके निर्माताओं के अनुसार “पाराचेंस (Paracahins)” कहा जाता है।

इका मुख्य उद्देश्य इसमें शामिल किये गए ब्लॉकचेन्स को एक ढांचे के रूप में काम करना होता है, जैसा की HTML  के मामले में होता है। जिसमे की Sites, Browsers और Servers को आपस में जोड़ा जाता है। इसके द्वारा जटिल और महंगे क्रिप्टोकरेन्सी माइनिंग प्रक्रिया ( लेनदेन और सुरक्षा के सत्यापन सहित) को मॉनिटर करना है और डेवेलपर्स को Decentralised  Application तथा Smart contract बनाने पर ध्यान ज्यादा केंद्रित करना है।

पोलकडॉट की उत्पत्ति

पोल्काडॉट के उत्पत्ति की बात की जाये तो इसकी कहानी Ethereum  से शुरू हुई थी। असल में इसके मुख्य रचनाकार( निर्माता) Dr. Gavin Wood  (Software Engineering में PHD )  Ethereum  के सह- संस्थापक रह चुके है। डॉ. वुड के पास 20 साल से भी ज्यादा वर्ष का अनुभव प्राप्त है, क्रिप्टो जगत के साथ एवं इसके अलावा भी।

इन्होने ही Ethereum  के पहले Functional version की कोडिंग की थी इसके अलावा एथेरेयम के Yellow Paper  को भी इन्होने ही लिखा था। आज एथेरेयम के कामयाबी के पीछे सबसे बड़ा हाथ उसके स्मार्ट कॉन्ट्रैक्ट का है जिसको Coding language को डॉ. वुड के द्वारा ही Program किया गया था।

कथित तौर पर, एथेरेयम के भविष्य में नए Upgraded  Ethereum 2.0  को लेकर हो रहे धीमे Research Work के कारण January  2016 में इन्होने Ethereum  के CTO तथा Core Developer के पद से इस्तीफा दे दिया। वही से इन्होने और Peter Czaban ने मिलकर Web3 फाउंडेशन की शुरुआत करके पोल्काडॉट के ऊपर काम करना शुरू कर दिया जो की कई मायने में एथेरेयम से बेहतर होने वाली थी।

साल 2016 में आखिर में पोल्काडॉट के White Paper को Dr. Gavin के द्वारा Publish किया गया था।